छत्तीसगढ़ की राजनीति में नया विवाद, अमित जोगी के खिलाफ BJP पहुंची थाने

Photo:Used for news/editorial purposes only | Copyright infringement is not intended


रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में एक नया विवाद गरमा गया है। इस बार निशाने पर हैं जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जे) के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के बेटे अमित जोगी। भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने उनके खिलाफ थाने में शिकायत दर्ज कराई है। भाजपा नेताओं का आरोप है कि अमित जोगी ने ऐसे बयान दिए हैं, जिनसे धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं। साथ ही उन पर झूठी एफआईआर दर्ज कराकर पुलिस को गुमराह करने का भी गंभीर आरोप लगाया गया है।

BJP नेताओं ने थाने में सौंपा ज्ञापन, मांगी कार्रवाई

जानकारी के अनुसार भाजपा के कई वरिष्ठ पदाधिकारी और कार्यकर्ता स्थानीय थाने पहुंचे और अमित जोगी के खिलाफ लिखित शिकायत सौंपी। शिकायत में कहा गया है कि हाल के दिनों में अमित जोगी द्वारा लगाए गए आरोप और उनके सार्वजनिक बयान तथ्यों से परे हैं। पार्टी का आरोप है कि उनके बयानों से समाज के एक विशेष वर्ग की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंची है।

भाजपा नेताओं का यह भी कहना है कि राजनीतिक फायदे के लिए धार्मिक विषयों को उछालना बेहद गलत है। इस तरह के बयान आपसी सद्भाव को नुकसान पहुंचा सकते हैं और लोगों के बीच तनाव पैदा कर सकते हैं। उन्होंने प्रशासन से मामले की निष्पक्ष जांच कर उचित कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है।

झूठी FIR दर्ज कराने का भी आरोप

भाजपा की शिकायत में एक और गंभीर आरोप लगाया गया है। पार्टी नेताओं का दावा है कि अमित जोगी ने तथ्यों को तोड़-मरोड़कर और सही जानकारी छुपाकर शिकायत दर्ज कराई, जिसके कारण पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की गई। उनका कहना है कि जब कोई व्यक्ति जानबूझकर गलत तथ्य पेश करता है, तो यह कानून के साथ छेड़छाड़ है। ऐसे में इस मामले की गहन जांच होनी चाहिए।

अमित जोगी और BJP में क्या है पुरानी रंजिश?

गौरतलब है कि अमित जोगी छत्तीसगढ़ की राजनीति में हमेशा सक्रिय रहे हैं। वे अपने पिता अजीत जोगी की विरासत को संभाल रहे हैं और पिछले कुछ समय से लगातार भाजपा और राज्य सरकार पर निशाना साध रहे हैं। हाल ही में उन्होंने कुछ ऐसे बयान दिए थे, जिसके बाद भाजपा ने यह कदम उठाया है।

हालांकि अब तक अमित जोगी की ओर से इस मामले पर कोई बड़ी प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। लेकिन उनके करीबी सूत्रों का कहना है कि वे कानूनी तौर पर भाजपा के आरोपों का जवाब देंगे।

राजनीतिक गलियारों में हलचल, माहौल गरमाया

इस घटनाक्रम के बाद प्रदेश की राजनीति में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। भाजपा नेता लगातार अमित जोगी पर हमलावर हैं, तो दूसरी ओर जनता कांग्रेस के समर्थकों का कहना है कि भाजपा सिर्फ दबाव बनाने की कोशिश कर रही है और असली मुद्दों को दबाना चाहती है।

राजनीतिक विशेषज्ञों का मानना है कि छत्तीसगढ़ में आगामी चुनावों को देखते हुए इस तरह के विवाद और बढ़ सकते हैं। आरोप-प्रत्यारोप का यह सिलसिला अब राजनीतिक रणनीति का हिस्सा बनता जा रहा है।

पुलिस करेगी शिकायत की जांच, अब क्या होगा?

पुलिस अधिकारियों ने बताया है कि उन्हें भाजपा की ओर से शिकायत प्राप्त हो चुकी है। अब शिकायत में लगाए गए आरोपों, तथ्यों और उपलब्ध दस्तावेजों के आधार पर जांच की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद ही यह तय किया जाएगा कि इस मामले में आगे क्या कार्रवाई की जाए।

कानून विशेषज्ञों के अनुसार ऐसे मामलों में पुलिस आमतौर पर सभी पक्षों को बुलाकर उनके बयान दर्ज करती है। यदि सबूत मिलते हैं तो एफआईआर दर्ज की जा सकती है, अन्यथा शिकायत को खारिज भी किया जा सकता है।

लोगों में चर्चा, दो पक्षों में बंटी राय

सोशल मीडिया और आम चर्चाओं में यह मामला लोगों के बीच छाया हुआ है। कुछ लोग अमित जोगी के समर्थन में हैं तो कुछ भाजपा के इस कदम को सही बता रहे हैं। एक नागरिक ने कहा – “राजनीति में ऐसा होता रहता है। पहले भी कई बार धार्मिक भावनाएं आहत करने के मामले सामने आए हैं। लेकिन सच क्या है, यह जांच के बाद ही पता चलेगा।”

वहीं एक अन्य नागरिक का कहना था – “अगर किसी ने पुलिस को गुमराह किया है तो सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। कानून का दुरुपयोग किसी भी हालत में सही नहीं है।”

कानूनी जांच से ही साफ होगी तस्वीर

फिलहाल अमित जोगी के खिलाफ दर्ज शिकायत को लेकर पुलिस जांच में जुटी है। अब सबकी नजरें इस बात पर होंगी कि जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं और क्या इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई होती है। जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, अटकलें लगाना उचित नहीं होगा। लेकिन इतना तय है – छत्तीसगढ़ की राजनीति में इस विवाद ने एक बार फिर करवट लेनी शुरू कर दी है, और आने वाले दिनों में इस पर और भी बयानबाजी देखने को मिल सकती है। फिलहाल, कानून को अपना काम करने दिया जाए। सच जांच के बाद ही सामने आएगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *